About Me

My photo
New Delhi, NCR of Delhi, India
I am an Indian, a Yadav from (Madhepura) Bihar, a social and political activist, a College Professor at University of Delhi and a nationalist.,a fighter,dedicated to the cause of the downtrodden.....
Showing posts with label Jitendra Singh. Show all posts
Showing posts with label Jitendra Singh. Show all posts

Thursday, August 21, 2014

टाई और अफसर :UPSC & C-SAT


काँग्रेस मुक्त भारत की बात तब बेईमानी लगती है, जब हम यह देखते हैं कि जहाँ एक ओर जनता ने काँग्रेस को उखाड़ फेंका, वहीँ नई सरकार कभी काँगेस के फैसले को मानने का बहाना देती है तो कभी काँग्रेस द्वारा लाए गए बेईमान अधिकारीयों और सदस्यों को ही पदोन्नति दे देती है।

16 अगस्त को अध्यक्ष डी पी अग्रवाल के कार्यकाल समाप्त होने पर मोदी सरकार को ठेंगा दिखा चुके वर्तमान संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) के कुछ दागियों सहित पंक्ति में से रजनी राज़दान को अध्यक्ष नियुक्त कर दिया गया, हालाँकि अगर सरकार चाहती तो सीधे तौर पर नए अध्यक्ष की नियुक्ति कर सकती थी। लेकिन मंत्री जितेंद्र सिंह जम्मू कश्मीर से हैं और मैडम भी वहीँ से हैं तो मामला तय हो गया हो।

अब इन मोहतरमा का एक वाकया C-SAT आंदोलनकारियों के बीच चर्चा का विषय है।

सिविल सेवा परीक्षा के किसी एक साक्षात्कार (Interview) के दौरान बाढ़मेड़ (राजस्थान) का एक अभ्यार्थी पूरे तैयारी के साथ टाई वैगेरह लगाकर उपस्थित हुआ। मैडम ने सबसे पहले उसे टाई खोलने को कहा। जब वह टाई खोल लिया तो फिर उसे बाँधने को कहा। बेचारा ग्रामीण परिवेश का पढ़ाकू नौजवान किसी से टाई बंधवा कर आया था। संकोच और शर्म से उसका बुरा हाल हो रहा था और तब उसे कहा गया की टाई भी बांधने नहीं आता है और चले अफसर बनने !

इसी घटिया सोच, भेदभावपूर्ण रवैये और बेईमानी के विरुद्ध युवाओं का संघ लोक सेवा आयोग के विरुद्ध मुहीम है जिसका तात्कालिक मुद्दा C-SAT और भारतीय भाषा का पश्न बन गया है। पर अफ़सोस मंत्री जीतेन्द्र सिंह हैं तो मोदी सरकार में मंत्री परन्तु टाई लगाकर काँग्रेसी रंग में ही रँगे, युवाओं के माँग को अफसरी अंदाज़ में घालमेल कर दिया है। सन 2009 में भी सिविल सेवा परीक्षा के परिणाम में भारी गड़बड़ियों के विरूद्ध संसद से सड़क तक के संघर्ष को दबा दिया गया था। 2010 और 2013 में परीक्षा के सिलेबस और विधि में बिना कोई व्यापक सलाह अनैतिक और विद्वेषपूर्ण परिवर्तन पर तमाम विरोध को मनमाने ढंग से ख़ारिज कर दिया गया था।

तमाम साथी 25 अगस्त को UPSC के सामने फिर से प्रदर्शन करेंगे। आंदोलन में सहयोग और समन्वय कर रहे स्वामी श्रद्धानन्द कॉलेज के साथी प्रोफ़ेसर अमरनाथ झा (Amar Nath Jha) ने बताया की अब यह आंदोलन राष्ट्रव्यापी होगा और मा अन्ना हज़ारे का भी सहयोग मिल सकता है।

जो यह समझते हैं की संघ लोक सेवा आयोग के आंदोलन में शामिल होना या समर्थन देना भा ज पा विरोधी है, उन्हें यह बताना चाहूँगा की संघ के वरिष्ठ स्वयंसेवक अधिकारी युवाओं के माँग को माने जाने के पक्ष में हैं।

https://www.google.co.in/url?sa=t&rct=j&q=&esrc=s&source=video&cd=1&cad=rja&uact=8&ved=0CBwQtwIwAA&url=http%3A%2F%2Fwww.youtube.com%2Fwatch%3Fv%3DMOSigv2emvE&ei=PX71U43YHonn8AXl8oCACw&usg=AFQjCNGbovGGUulkQeyOPj5CSfrih-kdVw&sig2=R9Ade2orJdPTqxFQlUP21A&bvm=bv.73231344,d.dGc